बस्ती। सरस्वती विद्या मंदिर रामबाग बस्ती में भारत के पूर्व राष्ट्रपति डॉ0 सर्वपल्ली राधाकृष्णन जी की जयन्ती मनाई गई । इस अवसर पर विद्यालय प्रबंध समिति के नए प्रबंधक डॉ0 एस.पी. सिंह भी उपस्थित रहे ,जिनका परिचय विद्या मन्दिर के प्रधानाचार्य अरविन्द सिंह ने कराया।
प्रधानाचार्य ने डॉ0 राधाकृष्णन के बारे में बताया कि उनका जन्म 05 सितम्बर सन् 1988 को तमिलनाडु के छोटे से गाँव तिरुमनी में ब्राह्मण परिवार में हुआ था। इनके पिता का नाम सर्वपल्ली विरास्वामी था। वे गरीब जरुर थे , किन्तु विद्वान भी थे। इनके पिता के ऊपर पूरे परिवार की जिम्मेदारी थी, इस कारण इनको बचपन से ही ज्यादा सुख सुविधा नहीं मिली। इन्होंने 16 साल की उम्र में अपनी दूर की चचेरी बहन सिवाकमु से शादी कर ली , जिनसे उन्हें 5 बेटी व 1 बेटा हुआ। इनका बचपन तिरुमनी गांव में ही व्यतीत हुआ। वहीं से इन्होंने अपनी शिक्षा प्रारंभ की। आगे की शिक्षा के लिए इनके पिताजी ने क्रिश्चियन मिशनरी संस्था लुथर्न मिशन स्कूल तिरुपति में दाखिला करा दिया।
आजाद भारत के पहले उपराष्ट्रपति और दूसरे राष्ट्रपति के तौर पर डॉ0 सर्वपल्ली राधाकृष्णन का नाम भारतीय इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में लिखा गया है। वे दर्शनशास्त्र का भी बहुत ज्ञान रखते थे। वे प्रसिद्ध शिक्षक भी थे। यही वजह है उनकी याद में हर वर्ष 05 सितम्बर को शिक्षक दिवस मनाया जाता है।
इस अवसर पर विद्यालय के प्रबंधक ने भी सभी आचार्य एवं कर्मचारियों को संबोधित किया और शिक्षक दिवस पर उपहार देकर उन्हें सम्मानित किया।


